छत्तीसगढ़ में अवैध रेत उत्खनन को लेकर अब सरकार और प्रशासन का रुख पूरी तरह सख्त नजर आ रहा है...... प्रदेश के राज्यपाल रमेन डेका ने नदियों और बड़े नालों में हो रहे अवैध एवं बेतरतीब रेत उत्खनन पर गहरी चिंता व्यक्त करते हुए साफ कहा है कि नदियों के अस्तित्व से खिलवाड़ किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा...... राज्यपाल ने अधिकारियों को अवैध खनन पर तत्काल और प्रभावी रोक लगाने के निर्देश दिए हैं...... उन्होंने कहा कि रेत विकास कार्यों के लिए जरूरी खनिज है, लेकिन इसके अंधाधुंध दोहन से पर्यावरण, जल स्रोतों और प्राकृतिक संतुलन को गंभीर नुकसान पहुंच रहा है..... राज्यपाल की इस सख्त चेतावनी के बीच धमतरी जिले में जिला प्रशासन और खनिज विभाग ने बड़ी कार्रवाई करते हुए अवैध रेत कारोबारियों पर शिकंजा कस दिया है.....जिले के विभिन्न रेत घाटों और खदानों में मशीनों से अवैध उत्खनन की शिकायत मिलने पर संयुक्त टीम ने छापेमार कार्रवाई की..... जांच के दौरान 5 जेसीबी, 10 हाईवा और 32 ट्रैक्टर समेत कुल 47 वाहन अवैध उत्खनन और परिवहन में लगे पाए गए, जिन्हें मौके पर ही जब्त कर लिया गया..... इसके साथ ही एक रेत भंडारण की अनुमति भी निरस्त कर दी गई..... प्रशासन को लंबे समय से शिकायतें मिल रही थीं कि कई रेत घाटों पर नियम-कायदों को ताक पर रखकर मशीनों से बड़े पैमाने पर रेत निकाली जा रही है.... शिकायतों के बाद की गई कार्रवाई में कई अनियमितताएं सामने आईं, जिसके बाद प्रशासन ने सख्त कदम उठाया.....
कलेक्टर ने स्पष्ट किया है कि जिले में अवैध रेत उत्खनन, परिवहन और भंडारण करने वालों के खिलाफ अभियान लगातार जारी रहेगा और किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा..... राज्यपाल के कड़े रुख और धमतरी प्रशासन की इस ताबड़तोड़ कार्रवाई के बाद रेत माफियाओं में हड़कंप मच गया है, वहीं यह भी संकेत मिल रहे हैं कि आने वाले दिनों में प्रदेशभर में अवैध रेत कारोबार के खिलाफ और भी बड़ी कार्रवाई देखने को मिल सकती है।





